पीएम मोदी का 48,000 करोड़ रूपये का जीएसटी तोहफ़ा
- सितम्बर 5, 2025
- 0
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के स्वतंत्रता दिवस पर किए गए वादे को हक़ीक़त का रूप देते हुए, वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने जीएसटी सुधारों का बड़ा ऐलान कर दिया है। सरकार ने जीएसटी ढांचे को चार की बजाए, दो टैक्स स्लैब बनाते हुए, कई उत्पादों पर टैक्स घटा दिया है। इस फैसले से करीब 48,000 करोड़ रूपये का राजस्व असर होगा, लेकिन बाज़ार इसे ‘‘कंजम्पशन रिवाइवल पैकेज‘‘ मान रहा है।
पीएम मोदी का यह 48,000 करोड़ रूपये का जीएसटी घाटा, केवल टैक्स कटौती नहीं है, बल्कि यह खपत (Consumption) को बढ़ाकर पूरी अर्थव्यवस्था को गति देने वाला कदम है।
जीएसटी में क्या बदला?
- पहले की चार-स्लैब प्रणाली को दो टैक्स कर दिया गया है।
- 28 प्रतिशत टैक्स वाले कई उत्पाद अब 18 प्रतिशत पर आ गए।
- 12 प्रतिशत टैक्स वाले कई उत्पाद अब 5 प्रतिशत पर आ गए हैं।
इससे सीधा असर उपभोक्ताओं पर पड़ेगा क्योंकि चीज़ें सस्ती होंगी, और मांग बढ़ेगी। यही मांग कंपनियों और निवेशकों के लिए नया अवसर बना रही है।
ऑटो सेक्टर बना सबसे बड़ा विजेता
- दोपहिया (350cc तक) और छोटे कारों के साथ साथ बस, ट्रक और एम्बुलेंस पर जीएसटी 28 प्रतिशत से घटाकर 18 प्रतिशत किया गया।
- ट्रैक्टर और एग्रीकल्चर मशीनरी पर जीएसटी 12 प्रतिशत से घटाकर 5 प्रतिशत किया गया।
FMCG सेक्टर को अप्रत्याशित राहत
- बिस्किट, नूडल्स, कॉफी, आइसक्रीम, जूस, सॉस, चीज़ जैसी रोज़मर्रा की खाद्य वस्तुओं पर जीएसटी 18 प्रतिशत/12 प्रतिशत से घटाकर 5 प्रतिशत कर दिया गया है।
- साबुन, शैम्पू, हेयर ऑयल, टूथपेस्ट जैसी पर्सनल केयर चीज़ों पर भी 5 प्रतिशत जीएसटी।
- 33 जीवन रक्षक दवाओं पर 12 प्रतिशत और तीन पर 5 प्रतिशत से शुन्य कर का प्रस्ताव किया गया है।
- वहीं अन्य सभी दवाओं पर 12 प्रतिशत से 5 प्रतिशत कर लगाया जाएगा।
- विभिन्न स्वास्थ्य उपकरणों को 18 प्रतिशत से 5 प्रतिशत पर लाया गया है।
सीमेंट इंडस्ट्री और रियल्टी सेक्टर को मिला बड़ा सहारा
- सीमेंट पर जीएसटी 28 प्रतिशत से घटाकर 18 प्रतिशत।
- इससे न सिर्फ़ मांग बढ़ेगी बल्कि कंपनियों को प्राइसिंग पावर भी मिलेगी।
अर्थव्यवस्था पर असर
विशेषज्ञों के अनुसार-
- अगले 4-6 तिमाहियों में जीएसटी सुधार से जीडीपी ग्रोथ में 1-1.2 प्रतिशत की बढ़त होगी।
- FY26 में भारत की ग्रोथ 6.5 प्रतिशत और FY27 में 7 प्रतिशत तक जा सकती है।
- कंपनियों की कमाई (Corporate Earnings) तेज़ी से बढ़ेगी।
- त्योहारी सीज़न में मांग और बढ़ सकती है।
- कंपनियां अगर टैक्स राहत का लाभ सीधे ग्राहकों तक पहुँचाती हैं तो बिक्री और मुनाफ़े दोनों में उछाल आएगा।
ये सुधार अस्थायी नहीं बल्कि स्ट्रक्चरल बदलाव है, इसलिए लंबे समय तक मार्केट को मज़बूती देगा।
👇 Please Note 👇
Thank you for reading our article!
If you don’t received industries updates, News & our daily articles
please Whatsapp your Wapp No. or V Card on 8278298590, your number will be added in our broadcasting list.






Ply insight launched on March 2018 with a vision to make a platform to collaborate plywood MDF, Laminate, machinery manufactures with dealers in the Trade.
Categories
Useful Links
Follow Us