वर्ष 2025 में यमुनानगर जिले में कृषि-ग्रेड यूरिया की खपत में गिरावट दर्ज की गई। पिछले वर्ष की तुलना में जिले को लगभग 1,75,000 बैग कम यूरिया प्राप्त हुआ। इस कमी का प्रमुख कारण औद्योगिक दुरुपयोग पर सख्त कार्रवाई और किसानों में संतुलित उर्वरक उपयोग की बढ़ती जागरूकता है।

यूरिया की अवैध खपत को रोकने के लिए विभाग ने जिले को विशेष निगरानी के दायरे में रखा, ताकि किसानों के लिए सब्सिडी के तहत मिलने वाला कृषि-ग्रेड यूरिया उद्योगों द्वारा तकनीकी जरूरतों के नाम पर इस्तेमाल न किया जा सके। इसके परिणामस्वरूप उद्योगों ने तकनीकी-ग्रेड यूरिया (TGU) का उपयोग बढ़ा दिया, जो विशेष रूप से औद्योगिक उपयोग के लिए निर्धारित है। अक्टूबर 2025 से जनवरी 2026 के बीच जिले में प्लाईवुड इकाइयों को लगभग 40,000 बैग TGU की बिक्री हुई।

यमुनानगर के कृषि उपनिदेशक (DDA) ’’डॉ. आदित्य प्रताप डाबास’’ के अनुसार, जिले में उर्वरकों की आवाजाही, भंडारण और उपयोग की निरंतर निगरानी जिला प्रशासन और प्रवर्तन एजेंसियों के सहयोग से की जा रही है।

उन्होंने बताया कि कम आवंटन के बावजूद ’’मेरी फसल मेरा ब्यौरा (MFMB) पोर्टल’’ और ’’इंटीग्रेटेड फर्टिलाइज़र मैनेजमेंट सिस्टम (IFMS)’’ के एकीकरण से वास्तविक किसानों को कृषि-ग्रेड यूरिया की सुचारू उपलब्धता सुनिश्चित हुई। इससे उर्वरक के स्टॉक की वास्तविक समय पर ट्रैकिंग, विवेकपूर्ण वितरण और PoS -आधारित किसान प्रमाणीकरण संभव हुआ।

कृषि विभाग ने अवैध भंडारण, डायवर्जन और खाद की कालाबाज़ारी पर अंकुश लगाने के लिए क्षेत्रीय निरीक्षण, अचानक छापेमारी और नियामक जांचों को तेज किया। वर्तमान वर्ष में प्रशासन ने ’’13 एफआईआर दर्ज कीं’’, ’’43 उर्वरक डीलरों के लाइसेंस रद्द किए’’, और लगभग ’’5,868 बैग कृषि-ग्रेड यूरिया’’ जब्त किया।

दोषी संस्थाओं के खिलाफ ’’आवश्यक वस्तु अधिनियम, 1955’’ और ’’फर्टिलाइज़र (नियंत्रण) आदेश, 1985’’ के तहत कानूनी कार्रवाई शुरू की गई है।

Source

# The Tribune #

 


 👇 Please Note 👇

Thank you for reading our article!

If you don’t received industries updates, News & our daily articles

please Whatsapp your Wapp No. or V Card on 8278298590, your number will be added in our broadcasting list.


Natural Natural